August 2, 2021

युरेशिया

राष्ट्रहित सर्वोपरि

एक लाख का इनामी बदमाश बदन सिंह और उसका साथी मुठभेड़ में ढेर  

यूरेशिया संवाददाता

आगरा उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में पांच दिनों में पुलिस ने मुठभेड़ में चार बदमाशों को मार गिराया है। इनमें दो बदमाश मणप्पुरम गोल्ड डकैती कांड के आरोपी थे, जबकि दो बदमाशों ने शहर के वरिष्ठ डॉक्टर का अपहरण किया गया था। इन्हें गुरुवार रात को मुठभेड़ में ढेर कर दिया गया। मारे गए बदमाशों में डॉक्टर अपहरण कांड का मुख्य आरोपी बदन सिंह और उसके साथी था। बदन सिंह पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित था। जिले में ताबड़तोड़ हुए एनकाउंटर से बदमाशों में दहशत है। इससे बदमाश अब हाथ जोड़कर अपनी जान की भीख मांग रहे हैं। इसकी बानगी गुरुवार दोपहर को देखने को मिली, जब डॉक्टर अपहरण कांड में वांछित एक बदमाश हाथ जोड़कर थाने पहुंच गया और आत्मसमर्पण कर दिया। इससे पहले गुरुवार को डकैती कांड के एक आरोपी ने समर्पण किया था। दो दिनों में दो बदमाश आत्म समर्पण कर चुके हैं। शहर के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. उमाकांत गुप्ता के अपहरण में एक बदमाश गुरुवार को हाथ जोड़कर थाने पहुंच गया और आत्म समर्पण कर दिया। बदमाश का नाम भोला है। पुलिस के अनुसार भोला अपहरण कांड में शामिल था। दोपहर को थाना एत्माद्दौला पहुंचे भोला ने हाथ जोड़कर कहा कि वह आत्मसमर्पण करना चाहता है। वह अब कभी अपराध नहीं करेगा। उसे अपने किए पर पछतावा है। भोला के आत्म समर्पण से पहले पुलिस ने अपहरण कांड के मुख्य आरोपी एक लाख रुपये के इनामी बदमाश बदन सिंह और उसके साथी को मुठभेड़ में ढेर कर दिया। गुरुवार आधी रात को बीहड़ में मुठभेड़ हुई थी। बताया जाता है कि दोनों तरफ से करीब दो घंटे तक गोलियां चलीं। मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। मणप्पुरम गोल्ड लोन कंपनी की कमला नगर शाखा में डाका डालकर 15.5 किलोग्राम सोने के जेवरात और छह लाख रुपये लूटने वाले हिस्ट्रीशीटर नरेंद्र उर्फ लाला के साथी प्रभात शर्मा ने बुधवार दोपहर को थाना कमला नगर में समर्पण कर दिया था। वह अपने बचपन के दोस्त निर्दोष कुमार और मनीष पांडेय के एनकाउंटर में मारे जाने के बाद से दहशत में था। थाना कमलानगर क्षेत्र में 17 जुलाई को दिनदहाड़े मणप्पुरम गोल्ड लोन कंपनी के दफ्तर में बदमाशों ने 15.5 किलोग्राम सोने के जेवरात और छह लाख रुपये कैश लूट लिया था। इसके दोघंटे बाद पुलिस ने एत्मादपुर के खंदौली मार्ग पर मुठभेड़ के दौरान डकैती में शामिल निर्दोष और मनीष को मार गिराया था। दोनों पुलिस को देखकर मेडिकल स्टोर में छिप गए थे। स्टोर मालिक को धमकाकर बाहर निकाल दिया था।