April 13, 2021

युरेशिया

राष्ट्रहित सर्वोपरि

स्कूल खोलने के दिशानिर्देश जारी, कोविड के खिलाफ नये सिरे से चलेगा अभियान

अपने पड़ोसी देश की कोविड-19 के खिलाफ लड़ाई में मदद करने के लिए सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे और विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने सोमवार को म्यामां की नेता आंग सान सू ची को ‘रेमडेसिवीर’ दवा की 3000 से अधिक शीशियां सौंपीं।

केंद्र सरकार आगामी त्यौहारी मौसम को देखते हुए “कोविड-19 को लेकर उपयुक्त व्यवहार” के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए जल्दी ही नए सिरे से अभियान की शुरुआत करेगी। अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला नॉर्थ ब्लॉक में गृह मंत्रालय के कार्यालय में मंगलवार दोपहर को एक बैठक की अध्यक्षता कर सकते हैं जिसमें नई योजना पर चर्चा हो सकती है। मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि बैठक में राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए), सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के प्रमुख, गृह मंत्रालय के क्षेत्र अधिकारी और अन्य हिस्सा ले सकते हैं। अधिकारी ने बताया, ”यह बैठक देश में कोविड-19 को लेकर उपयुक्त व्यवहार के लिए अभियान को आगे बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा के लिए बुलाई जा रही है।” अधिकारी ने बताया कि केंद्र ने हाल में और गतिविधियों को खोलने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं, उसे देखते हुए खुद की स्वच्छता, शारीरिक दूरी और मास्क लगाना जरूरी करने के लिए नए सिरे से अभियान या मौजूदा अभियान को विस्तारित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि दीपावली और अन्य त्यौहारों का लंबा दौर आ रहा है। इसलिए यह जरूरी है कि कोरोना वायरस के बारे में जनता को सूचित करने के अभियान को तेज और नवीकृत किया जाए। उन्होंने बताया कि बैठक में इन मुद्दों पर चर्चा की जाएगी और ऐसी जन स्वास्थ्य प्रतिक्रिया की योजना बनाई जाएगी जिसे कोविड-19 के प्रसार के मद्देनजर देश भर में लागू किया जा सके। उन्होंने बताया कि नए अभियान या मौजूदा जन अभियानों को सरकार एवं विभिन्न एजेंसियों की सभी सूचना और संचार प्रसार इकाइयां आगे बढ़ाएंगी। मंत्रालय ने निरूद्ध क्षेत्रों के बाहर के इलाकों में और गतिविधियों की अनुमति देने के वास्ते नये दिशा-निर्देश 30 सितंबर को जारी किये थे। इनमें 15 अक्टूबर से सिनेमाघरों और मल्टीप्लेक्सों को उनकी बैठने की क्षमता के 50 प्रतिशत के साथ खोला जाना शामिल है। केन्द्र शासित प्रदेशों की सरकारों को चरणबद्ध तरीके से 15 अक्टूबर के बाद स्कूलों और कोचिंग संस्थानों को फिर से खोले जाने के बारे में निर्णय लेने की छूट दी गई है।

स्कूल पुन: खोलने के लिए दिशानिर्देश जारी

शिक्षा मंत्रालय ने स्कूलों को फिर से खोलने के लिए सोमवार को दिशानिर्देश जारी किये। इनमें परिसरों की पूरी तरह सफाई और उन्हें संक्रमणमुक्त करना, उपस्थिति की नीतियों में लचीलापन रखना, तीन सप्ताह तक मूल्यांकन नहीं करना और कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान घर से पढ़ाई से सुगमता से औपचारिक स्कूल प्रणाली तक बदलाव सुनिश्चित करना शामिल है। मंत्रालय ने राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से उनकी स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार स्वास्थ्य एवं सुरक्षा सावधानियों के आधार पर खुद की मानक परिचालन प्रक्रियाएं बनाने को कहा। मंत्रालय ने 15 अक्टूबर से स्कूलों के क्रमिक तरीके से पुन: खोलने के लिए जारी दिशानिर्देशों में कहा, ‘‘स्कूलों को सभी क्षेत्रों, फर्नीचर, उपकरण, स्टेशनरी, पानी के टैंकों, रसोई घरों, कैन्टीन, शौचालयों, प्रयोगशालाओं, पुस्तकालयों की पूरी तरह सफाई करने और उन्हें संक्रमणमुक्त करने की व्यवस्था करनी चाहिए तथा स्कूल के भीतरी परिसर में हवा का प्रवाह सुनिश्चित करना चाहिए।’’ इसमें कहा गया है, ‘‘स्कूलों को राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों द्वारा जारी दिशानिर्देशों के आधार पर उनके खुद के एसओपी बनाने के लिए प्रोत्साहित किया जा सकता है जिनमें सुरक्षा के मद्देनजर सामाजिक दूरी के नियमों का पालन किया जाए तथा सुनिश्चित किया जाए कि इस संबंध में नोटिस, पोस्टर, अभिभावकों से संवाद, संदेशों को प्रमुखता से प्रसारित किया जाए।’’ मंत्रालय ने सिफारिश की है कि स्कूलों को उपस्थिति और अस्वस्थता अवकाश संबंधी नीतियों में लचीलापन लाना चाहिए। उसने कहा, ‘‘छात्र अपने माता-पिता की लिखित सहमति से ही स्कूल आ सकते हैं। छात्र चाहें तो स्कूल आने के बजाय ऑनलाइन कक्षाएं ही करते रह सकते हैं।’’ इसमें कहा गया, ‘‘स्कूल पुन: खुलने के दो से तीन सप्ताह तक कोई मूल्यांकन नहीं किया जाएगा और आईसीटी तथा ऑनलाइन प्रशिक्षण को प्रोत्साहित किया जाता रहेगा।’’ देशभर में कोरोना वायरस महामारी के कारण विश्वविद्यालयों और स्कूलों को 16 मार्च को बंद करने का आदेश दिया गया था। केंद्र सरकार ने 25 मार्च से लॉकडाउन लगा दिया था। अनलॉक के ताजा दिशानिर्देशों के अनुसार निषिद्ध क्षेत्रों के बाहर स्कूल, कॉलेज और अन्य शिक्षण संस्थान 15 अक्टूबर के बाद पुन: खुल सकते हैं। इस बारे में निर्णय राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों पर छोड़ दिया गया है।

ओडिशा में संक्रमण के 2,617 नए मामले

ओडिशा में सोमवार को कम से कम 2,617 और लोग कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए तथा इस बीमारी से 17 और मरीजों की मौत हो गई। इसके साथ संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 2,35,330 हो गई और मृतकों की संख्या 924 पर पहुंच गई। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि संक्रमण के नए मामलों में से 1,521 विभिन्न पृथक-वास केंद्रों से सामने आए और बाकी संक्रमितों के संपर्क में आने वालों का पता लगाने के दौरान सामने आए। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने ट्विटर पर कहा, “अस्पतालों में इलाज के दौरान कोविड-19 के 17 मरीजों की दुखद मौत की सूचना दी जाती है।” ओडिशा में वर्तमान में 32,051 मरीजों का इलाज चल रहा है और अब तक कोविड-19 के 2,02,302 मरीज ठीक हो चुके हैं।

योगी ने संतोष जताया

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में कोविड-19 के रोगियों के ठीक होने की दर 87 प्रतिशत से भी अधिक होने पर सोमवार को संतोष व्यक्त किया। वर्तमान में देश में कोरोना वायरस रोगियों के स्वस्थ होने की दर 84 प्रतिशत है। एक सरकारी बयान के मुताबिक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सोमवार को यहां एक उच्चस्तरीय बैठक में अनलॉक की व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने जनपद लखनऊ तथा कानपुर नगर के कोविड-19 से संबंधी हालात के बारे में इन जिलों के नोडल अधिकारियों से विस्तार से जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि इन जनपदों में संक्रमण को नियंत्रित करने की कार्रवाई प्रभावी ढंग से जारी रखी जाए। मुख्यमंत्री ने धान क्रय केन्द्रों पर सभी आवश्यक प्रबन्ध करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि धान बेचने वाले किसान के खाते में धनराशि 72 घंटे में पहुंच जाए। उन्होंने धान क्रय केन्द्रों पर जिला प्रशासन के सहयोग से कोविड हेल्प डेस्क की स्थापना किए जाने के निर्देश भी दिए। योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री गरीब कल्याण रोजगार अभियान के अन्तर्गत अधिक से अधिक कार्य होने चाहिए जिससे उत्तर प्रदेश इस मामले में देश में प्रथम स्थान पर रहे।

हिमाचल के मुख्यमंत्री पृथकवास में रहेंगे

हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कोविड-19 के खिलाफ एहतियाती उपाय के तहत तीन दिन तक घर में ही पृथकवास में रहने का निर्णय लिया है। एक आधिकारिक प्रवक्ता ने यह जानकारी दी। प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री तीन अक्टूबर को मनाली में कुछ लोगों से मिले थे, जो रविवार को कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री पृथकवास अवधि के दौरान घर से ही काम करेंगे।

त्रिपुरा में कोविड-19 के 159 नये मामले

त्रिपुरा में सोमवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 159 नये मामले सामने आये, जिससे पूर्वोत्तर के इस राज्य में संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 27,033 हो गयी। स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रदेश में छह और संक्रमित मरीजों की मौत हो गयी, जिससे इस महामारी से मरने वाले लोगों की कुल संख्या बढ़ कर 296 हो गयी। अधिकारियों ने बताया कि रविवार से अब तक 466 मरीजों को इस रोग से उबरने के बाद जी बी पंत अस्पताल से छुट्टी दी गयी, जिसके बाद प्रदेश में संक्रमण मुक्त होने वाले मरीजों की संख्या बढ़ कर 21,853 हो गयी है। अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में कोविड-19 के फिलहाल 4,861 मरीज उपचाराधीन हैं, जबकि 23 मरीज दूसरे राज्यों में चले गये हैं।

महाराष्ट्र में कोविड-19 के 10,244 नए मामले

महाराष्ट्र में सोमवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 10,244 नए मामले सामने आए जिसके बाद राज्य में संक्रमण के मामलों की कुल संख्या बढ़कर 14,53,653 हो गई। स्वास्थ्य विभाग ने यह जानकारी दी। विभाग ने कहा कि राज्य में कोविड-19 से 263 और मरीजों की मौत हो गई। अब तक इस महामारी से कुल 38,347 मरीजों की मौत हो चुकी है। विभाग की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि दिन भर में कुल 12,982 मरीज ठीक हो गए। अब तक कोविड-19 के 11,62,585 मरीज ठीक हो चुके हैं। राज्य में फिलहाल 2,52,277 मरीजों का इलाज चल रहा है।

जम्मू-कश्मीर में कोविड-19 के 632 नए मामले

जम्मू-कश्मीर में सोमवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 632 नए मामले सामने आए जिससे संक्रमितों की कुल संख्या बढ़कर 79,738 हो गई। वहीं महामारी से 10 और मरीजों की मौत हो जाने से मृतकों की संख्या बढ़कर 1,252 हो गई। अधिकारियों ने बताया कि जम्मू क्षेत्र में संक्रमण के 346 नए मामले सामने आए जबकि कश्मीर घाटी में 286 मामले सामने आए। जम्मू जिले में सर्वाधिक 173 और श्रीनगर में 119 नए मामले सामने आए। उन्होंने बताया कि जम्मू कश्मीर में अभी 14,696 मरीजों का इलाज चल रहा है और अब तक 63,790 मरीज ठीक हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि कोविड-19 से जम्मू और घाटी में पांच-पांच मरीजों की मौत हो गई।

राजस्थान में कोरोना वायरस से 14 और मरीजों की मौत

राजस्थान में कोरोना वायरस संक्रमण से सोमवार को 14 और लोगों की मौत हो गई जिससे राज्य में संक्रमण से मृतकों का आंकड़ा 1559 तक पहुंच गया। अधिकारियों ने यह जानकारी देते हुए बताया कि इस महामारी के 2165 नये मामले सामने आने के बाद राज्य में संक्रमितों की कुल संख्या 1,46,195 हो गई है। उन्होंने बताया कि सोमवार की शाम छह बजे तक के बीते 24 घंटों में राज्य में कोरोना वायरस संक्रमण से 14 और लोगों की मौत हुई हैं जिससे मरने वालों की संख्या अब बढ़कर 1559 हो गयी। जयपुर में कोरोना वायरस संक्रमण से अब तक 327, जोधपुर में 149, बीकानेर में 116, अजमेर में 110, कोटा में 103, भरतपुर में 82 और पाली में 66 लोगों की मौत हो चुकी है। उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक कुल 1,23,421 लोग कोरोना वायरस संक्रमण से ठीक हो चुके हैं। उन्होंने बताया कि अभी राज्य में 21,215 रोगी उपचाराधीन हैं। जयपुर में 450, जोधपुर में 365,बीकानेर में 273, अलवर में 190, अजमेर में 112, भीलवाड़ा में 109 नये मामले सामने आये हैं।

महाराष्ट्र में 30 प्रतिशत रेस्तरां, बार तत्काल खुले

महाराष्ट्र में रेस्तरां और बार के सोमवार से खुलने से जहां उद्योग जगत में खुशी है, वहीं उसे एक बड़ी दिक्कत कर्मचारियों को लाने ले जाने में हो रही है।। इसकी वजह राज्य में माह के अंत तक लॉकडाउन का जारी रहना है। इसके चलते 30 प्रतिशत रेस्तरां, बार के ही तत्काल खुलने की उम्मीद,बाकी धीरे-धीरे खुलेंगे। महीनों से बंद पड़े रेस्तरां उद्योग की दूसरी बड़ी समस्या कोष और रखरखाव से जुड़ी है। हालांकि इस बारे में उद्योग का कहना है कि इसके धीरे-धीरे एक माह में सुधरने की उम्मीद है। होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया (एचआरएडब्ल्यूआई) के वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रदीप शेट्टी ने एक बयान में कहा, ”रेस्तरां को खोलने का विकल्प उद्योग से जुड़े लोगों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है। यद्यपि यह एक अच्छी पहल है लेकिन सभी रेस्तरां तत्काल नहीं खुल पाएंगे। हमारा अनुमान है कि केवल करीब 30 प्रतिशत रेस्तरां ने सोमवार से खुलना शुरू किया है। बाकी रेस्तरां महीने भर के भीतर धीरे-धीरे खुलने लगेंगे।’’ शेट्टी ने कहा कि मुंबई में सिर्फ 33 प्रतिशत क्षमता के साथ रेस्तरां खोलने की अनुमति है। उनमें से भी कई को कर्मचारियों की कमी का सामना करना पड़ रहा है। वजह शहर में आवागमन की सुविधा सुचारू ना होना है। उन्होंने कहा, ”इतना ही नहीं रेस्तरां छह माह से बंद हैं तो उन्हें अपने परिसरों का कायाकल्प और रखरखाव करना होगा। इसके अलावा उनके पास वित्त की दिक्कत भी है क्योंकि पिछले छह महीने से भी अधिक समय में उनकी बचत इत्यादि कर्मचारियों का वेतन और जगह का किराया भरने में चली गयी।’’ इंडियन होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन (एएचएआर) के अध्यक्ष शिवानंद शेट्टी ने कहा कि ग्राहक बहुत समर्थन करने वाले और धैर्यवान बने रहे, क्योंकि मानक परिचालन प्रक्रियाएं उनकी सुरक्षा और कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए जरूरी हैं।

आंध्र प्रदेश में संक्रमण के 4,256 नए मामले

आंध्र प्रदेश में कोरोना वायरस संक्रमण के 4,256 नए मामले सामने आने के बाद सोमवार को संक्रमितों की कुल संख्या 7,23,512 हो गई। राज्य में बीते 24 घंटे में संक्रमण से 38 रोगियों की मौत के बाद मृतकों की कुल संख्या 6,019 हो गई है। इसके अलावा 7,558 लोग संक्रमण से उबरने के बाद ठीक हो चुके लोगों की तादाद 6,66,433 तक पहुंच गई है। राज्य में फिलहाल 51,060 लोग अब भी संक्रमित हैं। बुलेटिन के अनुसार पूर्वी गोदावरी जिले में संक्रमण के 853 नए मामले सामने आए हैं। राज्य में अब तक कुल 61.50 लाख नमूनों की जांच की गई है जबकि संक्रमित होने की दर 11.76 प्रतिशत है।

झारखंड में कोरोना वायरस से नौ और की मौत

झारखंड में पिछले 24 घंटों में कोरोना वायरस से नौ और मरीजों की मौत होने से मृतकों की कुल संख्या 743 पहुंच गयी है जबकि सोमवार को संक्रमण के 933 नये मामले सामने आने के बाद मामलों की कुल संख्या बढ़कर 87,210 हो गयी है। स्वास्थ्य विभाग की आज सुबह जारी रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है। रिपोर्ट के अनुसार राज्य के 87,210 संक्रमितों में से 75,531 अब तक ठीक होकर अपने घरों को लौट चुके हैं। इसके अलावा 10,936 अन्य संक्रमितों का इलाज विभिन्न अस्पतालों में जारी है। इसके अनुसार नौ मृतकों में तीन रांची से हैं और दो-दो लातेहार एवं पूर्वी सिंहभूम और पश्चिमी सिंहभूम एवं चतरा से एक-एक लोग शामिल हैं।

कर्नाटक सरकार ने धरना-प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगाया

कर्नाटक सरकार ने कोविड-19 से संबंधित स्वास्थ्य सेवाएं देने वाले स्वास्थ्यकर्मियों और चिकित्सकों की हड़ताल, असहयोग और अन्य किसी भी प्रकार की अवज्ञा पर प्रतिबंध लगा दिया है। राज्य के मुख्य सचिव टी एम विजय भास्कर ने रविवार को सरकारी और संविदा पर काम करने वाले चिकित्सकों, अर्ध स्वास्थ्यकर्मी और स्वास्थ्यकर्मियों के हड़ताल पर जाने और काम बंद करने की धमकी देने पर यह आदेश जारी किया। मुख्य सचिव ने आदेश में कहा, ‘‘राज्य कार्यकारिणी समिति के अध्यक्ष के तौर पर मैं स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित कामों में हड़ताल, असहयोग, अवज्ञा, रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं करना, किसी भी लोक सेवक और उच्च अधिकारियों के आदेश के गैर-अनुपालन को प्रतिबंधित करता हूं।’’ आदेश में यह रेखांकित करते हुए, कि राज्य सरकार ने कोविड-19 को महामारी घोषित किया है, कहा गया, “आदेश की अवहेलना करने पर या काम करने से इनकार संबंधित अधिनियमों, नियमों और प्रावधानों के उल्लंघन होगा।” रविवार की शाम तक राज्य में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामले 6.41 लाख पहुंच गए। अभी तक 9,286 लोगों की जान जा चुकी है।

दिल्ली में संक्रमण के कारण 32 मरीजों ने दम तोड़ा

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में कोविड-19 बीमारी के कारण सोमवार को 32 मरीजों की मौत हो गयी जिससे मृतकों की संख्या बढ़कर 5,542 हो गई। इसके अलावा शहर में संक्रमण के 1,947 नए मामले सामने आए जिसके बाद संक्रमण के कुल मामलों का आंकड़ा 2.92 लाख से अधिक हो गया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। रविवार को 35,593 नमूनों की जांच के बाद 1,947 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई। दिल्ली स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी मेडिकल बुलेटिन के अनुसार 32 मरीजों की मौत के बाद मृतकों की कुल संख्या बढ़कर 5,542 हो गई। दिल्ली में फिलहाल 23,480 मरीजों का उपचार चल रहा है। बुलेटिन के मुताबिक दिल्ली में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामले 2,92,560 हो गए हैं।

गुजरात में कोविड-19 के 1,327 नए मामले

गुजरात में बीते 24 घंटे के दौरान कोरोना वायरस संक्रमण के 1,327 नए मामले सामने आने के बाद सोमवार को संक्रमितों की कुल संख्या 1,44,027 हो गई। स्वास्थ्य विभाग ने यह जानकारी दी है। विभाग ने एक बयान में कहा कि इस दौरान 13 रोगियों की मौत हुई है, जिसके बाद मृतकों की कुल तादाद 3,512 हो गई है। बयान में कहा गया है कि बीते 24 घंटे के दौरान 1,405 लोगों को संक्रमण से उबरने के बाद छुट्टी दी गई है, जिसके साथ ही ठीक हो चुके लोगों की कुल संख्या 1,23,770 हो गई है। गुजरात में संक्रमण से ठीक होने की दर फिलहाल 85.94 प्रतिशत है।

ब्रिटेन सरकार पर उठे बड़े सवाल

ब्रिटेन में इस सप्ताहांत कोविड-19 के मामलों में तीव्र वृद्धि के बाद सोमवार को कोरोना वायरस जांच प्रणाली को लेकर ब्रिटिश सरकार को बड़े सवालों का सामना करना पड़ा। प्रशासन ने इसे एक तकनीकी खामी बताया। मुख्य विपक्षी लेबर पार्टी ने सरकार से पूछा है कि मामलों को सारणीबद्ध क्यों नहीं किया गया। स्वास्थ्य सचिव मैट हैनकॉक सांसदों को इस संबंध में विवरण देने वाले हैं। स्वास्थ्य विभाग ने रविवार को खुलासा किया कि 25 सितंबर से दो अक्टूबर के बीच संक्रमण के 15,841 मामलों को सारणीबद्ध नहीं किया गया था। विभाग ने बताया कि हालांकि जो मरीज संक्रमित पाए गए थे उन्हें इसकी जानकारी दे दी गई थी लेकिन अधिकारी उनके संपर्क में आने वाले लोगों की पहचान कर उन्हें सूचित नहीं कर पाए। सरकार के मुताबिक शु्क्रवार रात को तकनीकी खामी का पता चला था जिसे अब ठीक कर दिया गया है। जिन मामलों को सारणीबद्ध नहीं किया गया था, सप्ताहांत में उनकी गणना कर ली गई। इसके कारण शनिवार को जहां संक्रमण के 12,872 नए मामले सामने आए थे वहीं रविवार को यह संख्या बढ़कर 22,961 हो गई।

  • हर दस में से एक व्यक्ति कोरोना से संक्रमित

विश्व स्वास्थ्य संगठन में आपातकालीन सेवाओं के प्रमुख ने कहा है कि विश्व भर में प्रत्येक दस में से एक व्यक्ति कोरोना वायरस से संक्रमित हो सकता है। कोविड-19 पर सोमवार को हुई 34 सदस्यीय कार्यकारी बोर्ड की बैठक में डॉ माइकल रायन ने कहा कि शहरी और ग्रामीण इलाकों में संख्या में परिवर्तन हो सकता है लेकिन अंततः इसका अर्थ यही है कि “विश्व की बड़ी आबादी खतरे में है।” विशेषज्ञ पहले से ही कहते रहे हैं कि संक्रमण के जितने मामलों की संख्या बताई जा रही है वास्तव में उससे अधिक लोग संक्रमण का शिकार हैं।